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भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर महिला ने लगाया दुष्कर्म का आरोप

परिवार संग थाने में बैठी महिला
उन्नाव- जनपद की बांगरमऊ विधानसभा से भारतीय जनता पार्टी के विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर दुष्कर्म का आरोप लगाने वाली महिला ने आज मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सरकारी आवास के पास आत्मदाह का प्रयास किया। महिला का आरोप है कि विधायक के गुर्गे लगातार उसको परेशान कर रहे हैं। उसके साथ मारपीट की जा रही है। उन्नाव में कहीं पर भी न्याय न मिलने पर रविवार को इंसाफ के लिए परिवार के साथ मुख्यमंत्री आवास पर आई थी।
जनपद के माखी क्षेत्र निवासी एक महिला ने रविवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आवास के पास आत्मदाह का प्रयास किया। उन्नाव पुलिस की सूचना पर उसे यहां पकड़ा गया। महिला ने उन्नाव सदर के विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर दुष्कर्म का आरोप लगाया है। उन्नाव पुलिस राजधानी आ रही है। महिला को उसके हवाले किया जाएगा।

पीडि़त महिला ने भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर दुष्कर्म करने का आरोप लगाया है महिला ने कहा विधायक और उसके साथियों ने उसके साथ दुष्कर्म किया है। महिला को आत्महत्या की कोशिश करने पर किसी तरह पकड़ लिया गया। सीएम योगी आदित्यनाथ के आवास के बाहर महिला परिवार संग पहुंची। गेट के पास मौजूद पुलिसकर्मी कुछ समझ पाते कि इतने में सभी आत्मदाह का प्रयास करने लगे। पुलिस ने किसी तरह सभी को काबू में किया और उन्हें गौतमपल्ली थाने लेकर पहुंची।

पीडि़त महिला ने आरोप लगाया कि भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर और उसके साथियों ने उसके साथ दुष्कर्म किया और अब उसे जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। पुलिस से शिकायत के बावजूद कोई कार्यवाही  नहीं हुई। न्याय न मिलने से आहत होकर वह परिवार संग आत्मदाह के लिए मजबूर हुई।

पुलिस के काफी समझाने के बाद भी परिवार शांत नहीं हुआ और गौतमपल्ली थाने में ही धरने पर बैठ गया है। पुलिस ने कार्रवाई का आश्वासन दिया है। मामला सामने आने के बाद लखनऊ में बैठे अधिकारियों ने उन्नाव के एसपी से जांच के बाद सख्त कार्रवाई करने का आदेश दिए है।

महिला और उसके परिवार से मुलाकात के बाद लखनऊ जोन के एडीजी राजीव कृष्ण ने बताया कि महिला ने आरोप लगाया है कि कुलदीप सिंह सेंगर ने महिला के साथ बलात्कार किया है ।

मामले में कोई कार्यवाही नहीं हुई और दूसरे पक्ष ने उनके साथ मारपीट की। शुरुआती जांच में पता चला है कि महिला के परिवार और दूसरे पक्ष का पिछले करीब 10-12 साल से विवाद चल रहा है।


उन्होंने आगे बताया कि केस लखनऊ ट्रांसफर करा दिया गया है। पुलिस मामले की जांच करेगी उसके बाद ही सच्चाई सामने आ पाएगी।