Ad

ads ads

Breaking News

बुद्ध उत्सव मना रहे दलितों पर दंबगों ने ढाया कहर


शांतिप्रिय कार्यक्रमों में दंबगों का कुक्रत्य बेहद दुखदाई-दिनेश गौतम पूर्व जिअ बसपा

-दंबगो को भीम कथा से था एतराज 
उन्नाव। अंबेडकर प्रतिमा और बाबा साहब के पोस्टर फाड़ने से गांव में तनाव फैल गया। जबकि गांव के लोग बेहद शांति के साथ गांव वाले प्रतिवर्ष की भांति मना रहे थे बुद्ध- उत्सव। वहीं कुछ गांव के दबंगों ने कार्यक्रम का विरोध किया। जिस पर उत्सव न रूकने पर दंबगो ने मना रहे लोगों पर लाठी-डंडों हमला कर दिया। जिससे स्थल पर कोहराम मच गया। दंबगो ने यहीं तक मामला खत्म नहीं किया। उन्होने मंच पर चढ़ कर बुद्ध प्रतिमा और अंबेडकर प्रतिमा को मंच से नीचे फेंक दिया। तथा उन्होने भीमराव अंबेडकर के पोस्टर फाड़ डाले। मामले की जानकारी होने पर पुलिस घटना स्थल पर जा पहुंची। लेकिन तब तक आरोपी भाग चुके थे। वहीं क्षेत्रीय लोगों के अनुसार पुलिस ने आरोपियों को बचाने की कोशिश करती नजर आ रही है। 
धर्म तथा जाति के नाम पर होने वाले समारोह का अब प्रदेश में विरोध होने लगा है। उन्नाव में एक गांव में चल रही बाबा भीमराव आंबेडकर कथा को गांव के दबंगों ने रुकवा दिया। इसके बाद पंडाल में धावा बोलकर कथा सुनने वालों के साथ मारपीट की गई। बवाल की जानकारी पर वहां भारी पुलिस बल तैनात है।
बांगरमऊ कोतवाली क्षेत्र के गांव हयातनगर में चल रही गांव के ही कुछ लोगों ने आज विरोध कर दिया। इसके बाद कृष्णपाल, कुंजन, अतुल कुमार आदि के साथ लाठी डंडा से लैस होकर पहुंची भीड़ ने पंडाल में धावा बोलकर कथा सुनने वालों को पीटने के साथ वहां से भगाने लगे। दबंगों ने कथा सुन रही महिलाओं और बुजुर्गों को भी नहीं बख्शा। दंबगो ने उनके साथ अपशब्दो का प्रयोग करते हुए अभद्रता करते हुए मंच पर चढ़ गए। जहाॅ पर स्थापित बाबा साहब की प्रतिमा को गिराने के साथ बौद्ध भिक्षुओं को धमकाना शुरू कर दिया। उन्होंने वहां पर मौजूद लोगों को चेतावनी दी कि गांव में किसी भी सूरत में भीम कथा या बुद्ध कथा नहीं होने दी जाएगी। इसके साथ ही कराने वालों को अंजाम भुगतने अल्टीमेटम भी दिया। बवाल की जानकारी पर भारी पुलिस बल के साथ एसडीएम मौके पर पहुंचे। 
बहुजन समाज पार्टी के नेताओं ने कहा घटना दुर्भाग्यपूर्ण
बहुजन समाज पार्टी के पूर्व जिलाध्यक्ष दिनेश गौतम ने कहा कि बांगरमऊ क्षेत्र के गांव हयातनगर भौरा में हुई घटना बेहद दुर्भाग्य पूर्ण है। जिसमें आधा दर्जन दबंगो ने धर्मिक स्थल पर की तोड़फोड़ व धार्मिक आस्था के साथ खिलवाड़ कर धर्म की आस्था पर चोट पहुंचाई है। यह घटना प्रदेश सरकार की नाकामी को स्पष्ट करती है। जबकि सबको पहले से पता था कि बौद्ध धर्म से संबधित धार्मिक कार्यक्रम चल रहा था। बौद्ध भिक्षु व अम्बेडकर के अनुयायियों द्वारा कार्यक्रम कराया जा रहा था। तो प्रशासन को मामले को संजीदा समझते हुए सुरक्षा व्यवस्था पहले से करनी चाहिए थी। वहीं जिले के शिवाकान्त रावत ने भी मामले पर दुख प्रकट करते हुए कहा कि यदि किसी को कार्यक्रम को लेकर किसी प्रकार का  एतराज था तो वह न्यायालय की शरण जाता। इस तरह ग्रामीणों पर दंबई दिखाना बेहद गलत है। सदर विधानसभा अध्यक्ष देवरत्न ने कहा कि हयातनगर में हुई घटना बेहद दुखदाई है। ऐसी घटनाए होना प्रदेश सरकार की नाकामी की गवाही दे रही है। जिलाध्यक्ष रामबिलाश गौतम ने प्रदेश सरकार की नाकामी पर सवाल उठाते हुए कहा कि दंबगो द्वारा खुद ही अपनी बात बल प्रयोग द्वारा रखने से न्यायालय की आवश्यकता कहां रह जाती है। इस पर अंकुश न लग पाना साबित करता है कि योगी प्रदेश नहीं चला पा रहें है। 

No comments